14/05/2026
डीएमके नेता उदयनिधि स्टालिन के सनातन धर्म मिटाने वाले बयान पर उन्हें पूर्व आईपीएस कुप्पुसामी अन्नामलाई ने करारा जवाब दिया है। अन्नामलाई ने तमिलनाडु के नेता प्रतिपक्ष से कहा है कि स्टालिन को अगर सनातन धर्म मिटाने का इतना शौक है, तो पहले अपनी मां को ही मंदिर जाने से रोककर दिखाएं।
अन्नामलाई ने यह भी कहा कि 'मैं उन्हें (उदयनिधि स्टालिन को) एक भगवद्गीता गिफ्ट करने जा रहा हूं....मैं ज्यादा लिटरेचर नहीं भेजूंगा..सिर्फ भगवद्गीता भेज रहा हूं। मैं चाहता हूं कि वे पढ़ें। उस तरह से नहीं, जैसा कि उन्होंने अपनी परीक्षाओं के लिए पढ़ाई की है। इसे अच्छे से पढ़ें। वह समझ जाएंगे कि सनातन धर्म क्या है ?'
अन्नामलाई ने कहा कि सनातन ईसाई धर्म की स्थापना से भी पहले से था, सनातन इस्लाम की स्थापना से भी पहले से था
इंसान में ईश्वर को देखना यह है सनातन धर्म।
सनातन धर्म में कभी भी ऊंची और नीची जातियां नहीं रहीं।
सनातन धर्म हमेशा हर तरह के भेदभाव का विरोध करता है।
तमिलनाडु में जब ईसाई मिशनरीज आईं, तब से जातियां आईं...